May 3, 2026

घर पर भी कर सकते हैं रामलला की पूजा-आराधना : डॉक्टर आचार्य सुशांत राज

एस.के.एम. न्यूज सर्विस

देहरादून 18 जनवरी। डॉक्टर आचार्य सुशांत राज ने बताया कि इन दिनों अयोध्या में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा की तैयारियां चल रही हैं। 22 जनवरी २०२४ को श्रीराम मंदिर का भक्तों को अद्भुत नजारा देखने का अवसर प्राप्त होगा। सनातनी रामलाल के दर्शन कर पाएंगे। भगवान राम का आशीर्वाद ले पाएंगे। प्राण प्रतिष्ठा के लिए कई तरह के भव्य कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा, जिसकी तैयारियां पिछले कई महीनों से चल रही हैं। यदि आप अयोध्या किन्हीं कारणों से नहीं पहुंच सकते हैं तो उदास होने की जरूरत नहीं। आप अपने घर पर भी रामलला की पूजा-आराधना कर सकते हैं। डॉक्टर आचार्य सुशांत राज ने बताया की घर में पूजा करने का स्थान ईशान कोण में ही होना चाहिए। उत्तर और पूर्व दिशा के बीच का भाग होता है ईशान कोण। इस कोण को शुभ कार्यों के लिए सबसे उत्तम दिशा माना जाता है। इसी दिशा में आप पूजा के लिए मंदिर स्थापित करें। घर के इस हिस्से को हमेशा साफ-सुथरा बनाए रखें। पूजा की सामग्री में सुपारी, मौली, कुमकुम, अक्षत, गंगाजल, तांबे के लोटे में जल, श्रीराम जी की प्रतिमा, देसी घी, धूपबत्ती, चंदन, फूल, फल, मिठाई, कपूर, घंटी, पूजा थाली, अगरबत्ती आदि जरूर रखें।

घर के मंदिर को अच्छी तरह से साफ कर लें। पुरानी चीजों को वहां से हटा दें। कूड़ा-कचरा ना हो। पुराने फूल-माला आदि न हों। मंदिर में रखी गई सभी देवी-देवताओं की तस्वीरों को साफ कर लें। इससे घर में पॉजिटिव एनर्जी बनी रहेगी। पूजा स्थल को साफ करें, मुख्य रूप से ईशान कोण की साफ-सफाई जरूर हो जाए. पूजा से पहले आप भी स्नान कर लें और घर के अन्य सदस्य भी साफ-सफाई का ध्यान रखें। साफ वस्त्र धारण करें। अब चौकी पर श्रीराम की मूर्ति स्थापित करें। चौकी पर लाल वस्त्र बिछाएं। अब पूजा की शुरुआत करें। विधि अनुसार पूजा करने के लिए आप किसी पंडित को भी घर बुलाकर पूजा करा सकते हैं। पूजा की शुरुआत करने से पहले हाथों में जल लेकर पूजा का संकल्प करें। दीपक, अगरबत्ती, धूप जलाएं। कुमकुम, अक्षत, चंदन, फूल, फल, मिठाई, पंचामृत, खीर श्रीराम जी को अर्पित करें। अंत में कपूर जलाकर आरती करें। शाम के समय मुख्य द्वार पर घी का दीपक जरूर जलाकर रखें।

डॉक्टर आचार्य सुशांत राज ने बताया कि रामलला 22 जनवरी 2024 को दोपहर 12 बजकर 30 मिनट पर अभिजीत मुहूर्त में नवनिर्मित मंदिर में विराजमान होंगे। 22 जनवरी का दिन बेहद शुभ है। 22 जनवरी 2024 को अयोध्या में प्रभु रामलला की प्राण प्रतिष्ठा होगी। उस दिन सर्वार्थ सिद्धि योग, अमृत सिद्धि योग और मृगशिरा नक्षत्र है। 22 जनवरी दिन सोमवार को हरि अर्थात् विष्णु मुहूर्त है जो 41वर्ष बाद आया है। इसी कारण अयोध्या जी में इसी तिथि पर रामलाल जी की प्राण-प्रतिष्ठा होगी।

 

 

 

 

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