उत्तराखंड में लगातार बढ़ती सांप्रदायिक उन्माद पर चिंता प्रकट

एस.के.एम. न्यूज़ सर्विस

देहरादून 10 फरवरी। तीन वामपंथी पार्टियों भाकपा, माकपा, भाकपा (माले) की संयुक्त बैठक न्यू गांधी ग्राम स्थित माकपा राज्य कार्यालय, कॉमरेड पूर्ण चंद्र स्मृति भवन में आयोजित हुई। बैठक में वाम नेताओं ने उत्तराखंड में लगातार बढ़ती सांप्रदायिक उन्माद और अपराध की घटनाओं पर गंभीर चिंता प्रकट की। उन्होंने कहा कि सत्ता संरक्षण के चलते पुलिस सांप्रदायिक तत्वों पर कार्रवाई नहीं कर रही है। वाम नेताओं ने कहा कि अंकिता भंडारी हत्याकांड के आंदोलन में चौतरफा घिरी सत्ता जान बूझ कर सांप्रदायिक तत्वों के जरिये मुद्दा भटकाने की कोशिश कर रही है। वाम नेताओं ने कहा कि कोटद्वार में साम्प्रदायिक तत्वों से एक बुजुर्ग को बचा कर सौहार्द और मनुष्यता की मिसाल कायम करने वाले दीपक कुमार को जिस तरह सांप्रदायिक तत्वों द्वारा निशाना बनाया जा रहा है, वो चिंताजनक और  निंदनीय है। वाम नेताओं ने कहा कि हिंदुओं के तथाकथित रक्षक होने का दावा करने वाले सांप्रदायिक तत्व खुलेआम 12 फरवरी को कोटद्वार जा कर दीपक कुमार को निशाना बनाने का ऐलान कर रहे हैं। यह पुलिस और कानून व्यवस्था को खुली चुनौती है। वाम नेताओं ने कहा कि कोटद्वार जा कर दीपक कुमार को निशाना बनाने वाले वही साम्प्रदायिक लंपट तत्व हैं, जिन्होंने मसूरी में बाबा बुल्लेशाह की सौ साल पुरानी मज़ार तोड़ी थी। यह अफसोस की बात है कि उत्तराखंड पुलिस ने तब भी इन साम्प्रदायिक लंपट तत्वों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की थी और अब उनके द्वारा सरेआम दीपक कुमार पर हमला करने की धमकी के बाद भी पुलिस खामोश बैठी हुई है। स्पष्ट तौर पर ऐसे तत्वों को सत्ता संरक्षण हासिल है, मुख्यमंत्री स्वयं हेट स्पीच में पहले नंबर पर हैं, इसलिए पुलिस खामोश है और सांप्रदायिक लंपट तत्वों का हौसला बढ़ा हुआ है। कोटद्वार में पुलिस ने 31 जनवरी को सरेआम उत्पात करने, सड़क जाम करने,सांप्रदायिक वैमनस्य फैलाने और गाली गलौच करने वालों के खिलाफ भी कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की.यह हुड़दंग उस वक्त हुआ,जिस समय मुख्यमंत्री कोटद्वार में मौजूद थे. मुख्यमंत्री के सुरक्षा प्रोटोकॉल को तार- तार होते देख कर भी पुलिस ने 31 जनवरी को सांप्रदायिक लंपट तत्वों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की और अब सांप्रदायिक लंपट तत्वों का दूसरा समूह 12 फरवरी को दीपक कुमार पर हमला करने की घोषणा कर रहा है। वाम नेताओं ने कहा कि पुलिस तत्काल दीपक कुमार पर हमला करने की घोषणा करने वालों पर कठोर कानूनी कार्रवाई करे, 31 जनवरी को उत्पात करने वालों पर भी कठोर कानूनी कार्रवाई हो। वाम नेताओं ने प्रदेश की जनता का आह्वान किया कि वे साम्प्रदायिक तत्वों को अलग थलग करें और जनता के जीवन के वास्तविक सवालों पर संघर्ष तेज करें। बैठक में भाकपा के राष्ट्रीय परिषद के पूर्व सदस्य कॉमरेड समर भंडारी, माकपा के राज्य सचिव कॉमरेड राजेंद्र पुरोहित, भाकपा (माले) के राज्य सचिव कॉमरेड इन्द्रेश मैखुरी आदि मौजूद थे।

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